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नया हरियाणा

रविवार, 18 अगस्त 2019

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भाजपा शासन में 2 साल पहले शुरु की योजनाएं पंचायतों की रूचि न होने के कारण अटकी पड़ी

कांग्रेस राज में खुले राजीव गांधी सेवा केंद्रों का नाम बदलकर किया था अटल सेवा केंद्र.

BJP regime stuck in two years back due to lack of interest of panchayats, naya haryana, नया हरियाणा

4 जून 2018



नया हरियाणा

भाजपा राज में 2 साल पहले शुरु की गई योजनाएं पंचायतों की रुचि न होने के कारण अटकी पड़ी है।  प्रदेश में कांग्रेस राज में खोले राजीव गांधी सेवा केंद्रों का भाजपा सरकार ने नाम बदल ग्राम सचिवालय कर दिया। लेकिन इनमें सुविधा केंद्रों के नाम पर बनने वाले अटल सेवा केंद्र 2 साल बाद भी शुरू नहीं हो पाए हैं। इन्हीं में अटल सेवा केंद्र बनाकर कॉमन सर्विस सेंटर की सुविधा दी जाएगी। दरअसल सरकार ने 3 वर्ष की अवधि में 2294 ग्राम सचिवालय स्थापित करने का लक्ष्य रखा है। वर्ष में 765 ग्राम सचिवालय का गठन होगा। इन्हीं में अटल सेवा केंद्र बनने थे। 2 साल में सिर्फ 786 अटल सेवा केंद्र बन पाए हैं। सिर्फ 34 फ़ीसदी लक्ष्य पूरा हो पाया है।

ग्राम सचिवालय की स्थापना एक एकड़ भूमि पर 30 लाख से की जानी है। इसमें पंचायत सदस्यों, ग्राम सचिव और डाटा एंट्री ऑपरेटर एवं लेखाकार के कार्यालय आवास के लिए पर्याप्त स्थान होगा। राजस्व, कृषि, बिजली बोर्ड, जन स्वास्थ्य, पशुपालन इत्यादि जैसे विभिन्न विभागों के गांवों का दौरा करने वाले ग्राम स्तरीय पदाधिकारियों को कार्यालय के लिए स्थान दिया जाएगा।

प्रदेश में 6204 में से 13 ही बने ग्राम गौरव पट्ट
- 24 नवंबर 2016 में शुरू किए ग्राम गौरव पट्ट का लक्ष्य अधूरा है। ग्राम पंचायतें रुचि नहीं ले रही। हर कोई पंचायत अपने नायकों का नाम दर्ज कराना चाहती है। 6204 में से 13 पंचायतों में ग्राम गौरव पट्ट लगे हैं।

नायक तलाशने के लिए आपसी राजनीति हावी
- रोहतक के गांव ककराला में ग्राम गौरव पट्ट पर शहीद के नाम को गलत तरीके से लिखने पर समाज के लोगों ने आपत्ति जताई है। शहादत कैसे और कब हुई इसका भी कोई जिक्र ग्राम गौरव पट्ट पर नहीं दिया गया है।

इन जिलों में ग्राम पट्ट शुरू नहीं हो पाए
- ग्राम गौरव पथ बनाने वालों में अंबाला, भिवानी, चरखी दादरी, फतेहाबाद, हिसार, जींद, महेंद्रगढ़, पंचकूला, रेवाड़ी व सिरसा शामिल है। इन 10 जिलों में एक भी ग्राम गौरव पट्ट न बन पाने की रिपोर्ट दी गई है।


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