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नया हरियाणा

मंगलवार, 18 जून 2019

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सरहद पर तनाव होते ही कांग्रेस रोहतक से हारती है, तीन बार हार चुकी है

बीजेपी इस बार रोहतक सीट जीतने पर पूरा फोकस किए हुए है.

As there is tension on the border, Congress loses to Rohtak, has lost three times, the equation created by defeat of Deepender Hooda, naya haryana, नया हरियाणा

9 मार्च 2019



नया हरियाणा

फरवरी 2016 के दंगों के बाद अब सरहद पर पाकिस्तान के साथ बढ़ रहे तनाव का भाजपा सियासी फायदा उठाने की तैयारी में है। क्योंकि जब भी देश की सरहद पर जंग हुई। तभी कांग्रेस को रोहतक लोकसभा सीट पर हार का सामना करना पड़ा है। 1962 में जनसंघ के लहरी सिंह, 1971 में जनसंघ के टिकट पर ही मुख्तयार सिंह मलिक ने कांग्रेस को शिकस्त दी। जबकि 1999 में इनेलो भाजपा गठबंधन के प्रत्याशी कैप्टन इंद्र सिंह ने जीत की हैट्रिक लगा चुके तत्कालीन सांसद भूपेंद्र सिंह हुड्डा को हराया था। कांग्रेस से जहां सांसद दीपेंद्र हुड्डा को चौथी बार टिकट मिलना है वहीं भाजपा कंफ्यूज है कि चुनाव में जाट या नॉन जाट प्रत्याशी को उतारा जाए।
ऐसे में जेजेपी व इनेलो का प्रत्याशी तय होने से पहले अपना प्रत्याशी घोषित न करने का निर्णय लिया है। इस को लेकर पिछले दिनों दिल्ली में भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह के साथ प्रदेश भाजपा के नेताओं की मीटिंग हुई थी।
रोहतक को प्रदेश की सियासी राजधानी माना जाता रहा है। यहां हुड्डा परिवार का दबदबा रहा है। पूर्व सीएम भूपेंद्र सिंह हुड्डा जहां चार बार 1991,96, 98 व 2004 में सांसद बने।

उन्होंने पूर्व उप प्रधानमंत्री पद पर पहुंचे ताऊ देवीलाल को हराया था. जबकि 1999 में वे अटल लहर में इनेलो-भाजपा प्रत्याशी  कैप्टन इंद्र सिंह से हार गए थे. उनके पिता चौधरी रणबीर सिंह हुड्डा 1952 और 1957 में सांसद बने. वर्तमान समय में 2005, 2009 और 2014 में दीपेंद्र हुड्डा सांसद बने. बीजेपी की तरफ से रोहतक लोकसभा के लिए काफी नेता दौड़ भाग कर रहे हैं. क्योंकि नेताओं को पता है कि इस बार दीपेंद्र हुड्डा इस सीट से हार रहे हैं. ऐसे में जीत का श्रेय लेने की होड़ नेताओं में लगी हुई है. इन नेताओं में बहादुरगढ़ से नरेश कौशिक, बाबा मस्तनाथ मठ के महंत बाबा बालकनाथ, पूर्व थलसेना अध्यक्ष दलबीर सुहाग, क्रिकेटर वीरेंद्र सहवाग, कृषिमंत्री ओमप्रकाश धनखड़, धर्मबीर सिंह हुड्डा, पार्टी के विदेशी मामलों को देख रहे प्रदीप अहलावत, फिल्म कलाकार रणदीप हुड्डा आदि के नाम चर्चाओं में हैं. सूत्रों के कहना है कि बीजेपी किसी नए चेहरे पर भी दांव लगा सकती है.


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