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नया हरियाणा

मंगलवार, 19 मार्च 2019

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हरियाणा बजट 2018 : शिक्षा जगत , तकनीकि जगत, युवा कौशल की उपलब्धियां और सक्षम युवा योजना

हरियाणा सरकार ने शिक्षा जगत के लिए गए कार्यों एवं भविष्य की योजनाओं का खाका पेश किया है.

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12 मार्च 2018

नया हरियाणा

स्कूल शिक्षा
-अध्ययन एवं संस्कार ग्रहण करने की प्रक्रिया के लिए, हरियाणा के स्वर्ण जयंती वर्ष के दौरान स्वच्छ प्रांगण, सु-संस्कार, सुगम षिक्षा और सांस्कृतिक कार्यक्रम की नई योजनाएं  शुरू की गईं।
उच्चतर शिक्षा 
-राज्य में उच्चतर शिक्षा प्रणाली का विस्तार, सुदृढ़ीकरण, रूपांतरण और व्यापक सुधार हुआ है और यह प्रक्रिया अगले वित्त वर्ष में भी जारी रहेगी। हरियाणा सरकार विद्यार्थियों को उच्चतर शिक्षा के प्रति आकर्षित करने के प्रयास कर रही है। 
-विभिन्न योजनाओं के तहत विभिन्न श्रेणियों के लगभग 1.18 लाख विद्यार्थी लाभान्वित हुए हैं। इनमें छात्रवृत्ति, प्रोत्साहन और वजीफा योजनाएं शामिल हैं, जो राज्य के उच्चतर शिक्षा की पहुंच, समानता और गुणवत्ता के सिंद्धात के अनुरूप हैं। 
-राज्य के हर कोने में सभी विद्यार्थियों तक उच्चतर शिक्षा की पहुंच सुनिष्चित करने के लिए वर्ष 2017-18 में अलेवा, हथीन और बरोटा में तीन नए राजकीय महाविद्यालय शुरू किए गए हैं और सरकार ने सोनीपत, शहजादपुर, उकलाना, उगालन, गुल्हा चीका, मानेसर, जुंडला, कुरुक्षेत्र, उन्हानी, छिलरो, कालांवाली, रानियां, मोहना, बिलासपुर, रादौर, बडोली, रायपुर रानी, मंडकोला, नाचौली, लोहारू, तरावड़ी, रिठोज, खेड़ी चोपटा, डाटा, कुलाना, हरिया मंडी, चमू कलां, बल्लबगढ़ और सेक्टर-52, गुरुग्राम में 29 राजकीय महाविद्यालय खोलने का भी निर्णय लिया है। 
-इन महाविद्यालयों का निर्माण कार्य शुरू हो चुका है और इन महाविद्यालयों में आगामी शैक्षणिक सत्र से कक्षाएं अस्थायी भवनों में शुरू हो जाएंगी।
-हरियाणा में वर्ष 2017 में गुरुग्राम विश्वविद्यालय, गुरुग्राम और वर्ल्ड यूनिवर्सिटी ऑफ डिजाइन, सोनीपत की स्थापना हुई। नेशनल लॉ यूनिवर्सिटी, सोनीपत में कक्षाएं वर्ष 2018-19 से शुरू होनी प्रस्तावित है। 
-हरियाणा राज्य के 35 राजकीय महाविद्यालयों में बेहतर षिक्षा के लिए स्मार्ट कक्षाएं स्थापित की गई हैं। राजकीय महाविद्यालय, पंचकूला में एक ऊष्मायन (इंक्यूबैशन) केंद्र स्थापित किया गया है और संचालन के लिए तैयार है।
-बजट अनुमान 2018-19 में शिक्षा (प्राथमिक, माध्यमिक एवं उच्चतर शिक्षा) के लिए कुल 13,978.22 करोड़ रुपये के परिव्यय का प्रस्ताव किया गया।  जो संषोधित बजट 2017-18 के 12,606.08 करोड़ रुपये पर 10.9 प्रतिषत की वृद्धि दर्शाता है।
 तकनीकी शिक्षा 
-दो प्रमुख संस्थानों, नामतः भारतीय प्रबंधन संस्थान (आईआईएम), रोहतक और भारतीय डिजाइन संस्थान (एनआईडी), कुरुक्षेत्र के भवन निर्माण के अन्तिम चरण में हैं और शैक्षणिक सत्र 2018-19 से नए परिसरों में कक्षाएं शुरू होने की सम्भावना है। 
-राष्ट्रीय फैशन प्रौद्योगिकी संस्थान (एनआईएफटी), पंचकूला का निर्माण कार्य षीघ्र ही शुरू होने की संभावना है। इसी प्रकार, शैक्षणिक सत्र 2018-19 से राजकीय बहुतकनीकी पिंजौर और पंचकूला के नए भवन में कक्षाएं शुरू हो जाएंगी।
-पंचकूला और रेवाड़ी में दो नए राजकीय बहुतकनीकी-सह-बहु कौशल विकास केन्द्रों और यमुनानगर के सढ़ौरा में एक राजकीय बहुतकनीकी का निर्माण कार्य प्रगति पर है।
-राज्य सरकार ने झज्जर के सिलानी केशो और रेवाड़ी के जैनाबाद में दो नए इंजीनियरिंग कॉलेज स्थापित किए हैं, जिसमें शैक्षणिक सत्र 2017-18 से कक्षाएं  शुरू हो गई है। 
-बजट अनुमान 2018-19 में तकनीकी षिक्षा विभाग के लिए 482.95 करोड़ रुपये के परिव्यय का प्रस्ताव किया गया, जोकि संषोधित अनुमान 2017-18 के 401.38 करोड़ रुपये पर 20.32 प्रतिषत की वृद्धि दर्शाता है।
 कौशल विकास एवं औद्योगिक प्रशिक्षण 
-युवाओं के कौशल विकास के लिए प्रधानमंत्री कौशल विकास योजना की तर्ज पर राज्य सरकार द्वारा ‘हरियाणा कौशल विकास मिशन’ षुरू किया गया है, जिसके तहत वर्ष 2018-19 में 1.15 लाख युवाओं को प्रषिक्षण प्रदान करने का लक्ष्य है। 
-पलवल के दुधोला में विश्वकर्मा कौशल विकास विश्वविद्यालय स्थापित किया जा रहा है। बहरहाल, गुरुग्राम में अस्थायी परिसर से इसका संचालन शुरू हो चुका है।
-वर्ष 2018-19 में गांव जाखल (फतेहाबाद), सिकरोना (फरीदाबाद), बराना (पानीपत), इंद्री (करनाल), सहलांग (महेंद्रगढ़), सतनाली (महेंद्रगढ़), मुसेदपुर (गुरुग्राम), हसनपुर (अंबाला), नहोनी (अंबाला), राई (सोनीपत), नचरों (यमुनानगर), महाराजा जस्सा सिंह सफीदों (जीन्द), अलिका (सिरसा), खिजराबाद (यमुनानगर), जाखंदादी (फतेहाबाद), खेवड़ा (सोनीपत), जीवन नगर (सिरसा), सिसाय (हिसार), दारसुलकलां (फतेहाबाद) और जुआं (सोनीपत) में 20 राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान स्थापित करने का प्रस्ताव है। 
-इसके अतिरिक्त, 22 राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थानों नामतः अंबाला शहर, भिवानी, खुद्दान, कुरुक्षेत्र, महेंद्रगढ़, नूह, पलवल, पंचकूला, पानीपत, रिवाड़ी, सिरसा, सोनीपत, टोहाना, यमुनानगर, चरखी दादरी (महिला), फरीदाबाद (महिला), गुरुग्राम (महिला) हिसार (महिला), जींद (महिला), पुंडरी (महिला), करनाल (महिला) और रोहतक (महिला) को आदर्ष आईटीआई में अपग्रेड करने का भी प्रस्ताव है।
 सक्षम युवा योजना
-राज्य सरकार सक्षम युवा योजना के तहत सहायता के साथ बेरोजगारों तक पहुंची है। हरियाणा शिक्षित बेरोजगार युवाओं के लिए हर महीने 100 घंटें का वैतनिक कार्य सुनिष्चित करने वाला देश का पहला राज्य बन गया है। 
-इस योजना के तहत, पात्र स्नातकोत्तर और स्नातक उम्मीदवारों को 100 घंटे के कार्य के लिए 6,000 रुपये का मानदेय और स्नातकोत्तर उम्मीदवार को बेरोजगारी भत्ता के रूप में 3,000 रुपये और स्नातक उम्मीदवार को 1,500 रुपये वितरित किए जा रहे हैं। 
-इस योजना के तहत फरवरी, 2018 के अन्त तक 29,123 स्नातकोत्तर और 19,947 स्नातकों के पंजीकरण को मंजूरी दी गई है। फरवरी, 2018 में इनमें से 10,106 (स्नातकोत्तर) और 4877 (स्नातक) सक्षम युवाओं को विभिन्न विभागों में मानद कार्य उपलब्ध करवाया गया। 
-अब तक उन्हें मानदेय के रूप में 51.43 करोड़ रुपये और बेरोजगारी भत्ता और अन्य भत्तों के रूप में 78.77 करोड़ रुपये की राषि वितरित की गई है।
-हरियाणा राज्य ने हाल ही में प्रति लाख पर प्रशिक्षुओं का सबसे अधिक नामांकन करने के लिए भारत सरकार से सर्वश्रेष्ठ राज्य के रूप में ‘चैम्पियन ऑफ चेंज’ की उपाधि हासिल की है। 
-कौशल विकास एवं औद्योगिक प्रशिक्षण विभाग में एक समर्पित प्रशिक्षुता प्रोत्साहन प्रकोष्ठ की स्थापना, सभी जिलों में जिला प्रशिक्षुता समितियों के गठन और सभी हितधारकों के साथ नियमित कार्यषालाएं आयोजित किए जाने से यह संभव हुआ है। 
-प्रशिक्षु अधिनियम के तहत फरवरी, 2018 के अन्त तक 8,695 प्रतिष्ठानों को पंजीकृत किया गया हैं और 30,456 प्रशिक्षुओं को काम दिया गया है। 
-इसके अतिरिक्त, सभी सरकारी और राज्य के सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रमों में प्रशिक्षुता की शुरुआत की गई है और आषा है कि राज्य जून, 2018 तक सरकारी/अर्ध सरकारी प्रतिष्ठानों मंु 15,000 प्रशिक्षुओं को काम प्रदान कर सकेगा। 
-बजट अनुमान 2018-19 में कौशल विकास और औद्योगिक प्रषिक्षण विभाग के लिए 657.94 करोड़ रुपये के परिव्यय का प्रस्ताव किया गया जोकि संषोधित अनुमान 2017-18 के 458.71 करोड़ रुपये से 43.43 प्रतिषत अधिक है।
 


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