Hindi Online Test Privacy Policy | About Us | Contact

नया हरियाणा

मंगलवार, 19 मार्च 2019

पहला पन्‍ना English सर्वे लोकप्रिय हरियाणा चुनाव राजनीति अपना हरियाणा देश शख्सियत वीडियो आपकी बात सोशल मीडिया मनोरंजन गपशप

हरियाणा की राजनीति में नई पार्टी का आगाज करेंगे दुष्यंत चौटाला

जननायक जनतादल पार्टी होगा नई पार्टी का नाम.

dushyant chautala, naya haryana, नया हरियाणा

9 दिसंबर 2018

नया हरियाणा

पांडू पिंडारा की धरती पर आज ताऊ देवी लाल के परिवार से एक और पार्टी का उदय होने जा रहा है. ओम प्रकाश चौटाला के द्वारा अजय चौटाला परिवार को अनुशासनहीनता के कारण बर्खास्त कर दियाथा. उस के बाद अजय चौटाला के परिवार ने नई पार्टी बनाने की घोषणा की थी. आज उस नई पार्टी को विधिवत रूप से नाम और झंडा दोनों दिए जाएंगे. बताया जाता है कि इनेलो परिवार में सारा झगड़ा सीएम पद की कुर्सी को लेकर था.

नई पार्टी दुष्यंत चौटाला को भावी सीएम के तौर पर प्रस्तुत कर सकती है. रैली में कितनी भीड़ जुटेगी यह इस दल के राजनीतिक भविष्य का फैसला करेगी. रैली को सफल बनाने के लिए दुष्यंत-दिग्विजय और उनकी टीम ने पूरा दमखम लगा दिया है. कहा जा रहा है कि रैली में कोई बड़ा नेता शामिल नहीं होगा. दुष्यंत चौटाला के पिता अजय चौटाला जेल में होने के कारण शामिल होने पर भी संशय बना हुआ है. वहीं माता नैना चौटाला शामिल रहेंगी. 

रैली के लिए  50 एकड़ (कोई 100 एकड़ बता रहा है) का मैदान तैयार किया गया है. इस बार ग्रीन कारपेट की बजाय रेड कारपेट बिछाया जा रहा है. हालांकि आयोजक बड़े-बड़े दावे कर रहे हैं लेकिन लोगों के बैठने के लिए करीब 16 एकड़ जमीन तैयार की गई है. रैली में आने वाले समर्थकों के लिए कुर्सियों की व्यवस्था नहीं है. सभी को जमीन पर बैठना होगा. रैली में दुष्यंत नई पार्टी का ऐलान तो करेंगे ही नया झंडा और नया सियासी निशान भी जारी कर सकते हैं. दुष्यंत और दिग्विजय के लिए रैली चुनौतीपूर्ण होगी. रैली उनके लिए पिता अजय चौटाला के बिना आयोजित की जा रही है.

रैली में भारी युवा शक्ति को जुटाने का टारगेट रखा गया था. इसके तहत हर विधानसभा से दुष्यंत और दिग्विजय ने अन्य समर्थकों के साथ-साथ युवाओं को ज्यादा से ज्यादा एकत्रित करने पर जोर दिया है. अपने परदादा ताऊ देवीलाल के रास्ते पर चलते हुए दुष्यंत में समस्त हरियाणा सम्मेलन बुलाया है. चौटाला परिवार और इनेलो में हुई सियासी उठापटक के बीच दुष्यंत का ये पहला शो होगा. जो खुद के बलबूते करेंगे. इसमें कितनी भीड़ जुटा पाते हैं यह देखने वाली बात होगी. पूरे जींद शहर को होल्डिंग और पोस्टरों से भर दिया गया है. सत्तारूढ़ दल समेत कांग्रेस और इनेलो सभी राजनीतिक दलों और प्रदेश लोगों की नजर आज इन पर टिकी रहेगी.

अब इसे परिवार का झगड़ा कहें या फिर राजनीतिक मजबूरी लेकिन इतना जरूर है कि दुष्यंत ने कम उम्र में बड़ा बीड़ा उठाया है. जिसका सीधा फायदा बीजेपी-कांग्रेस को मिलता हुआ साफ दिख रहा है. दूसरी तरफ इनेलो कार्यकर्ताओं में कंफ्यूजन की स्थिति बढ़ती जा रही है. उन्हें समझ नहीं आ रहा है कि वह ओम प्रकाश चौटाला की तरफ जाएं या युवा सांसद दुष्यंत चौटाला की तरफ।
हरियाणा के इतिहास में दुष्यंत चौटाला ऐसे पहले नेता है जिन्होंने मात्र 30 साल की उम्र में अपनी नई पार्टी बनाने की घोषणा की है. प्रदेश में पहले भी बहुत-सी पार्टियां बनाई गई हैं. मगर उनमें से अधिकांश लोग सत्ता में रह चुके थे या राजनीतिक तौर पर लंबी पारियां खेल चुके थे. इस मामले में दुष्यंत ने मिसाल कायम की है. नेता प्रतिपक्ष अभय सिंह चौटाला ने नई पार्टी को मिलने वाली फुटेज को कम करने के लिए आज ही के दिन चंडीगढ़ में कार्यकारिणी की मिटिंग बुलायई है. 17 नवंबर को चंडीगढ़ में पार्टी के प्रदेश कार्यकारिणी की मीटिंग में वह अपनी ताकत दिखा चुके हैं. अब एक बार फिर आज ही के दिन उन्होंने कार्यकारिणी की मीटिंग चंडीगढ़ में बुलाई है. रोचक यह है कि अभय की मीटिंग भी उसी टाइम है जिस टाइम दुष्यंत की जींद में रैली है. इसके दो फायदे हैं एक तो जींद की रैली को पूरी तरह कवरेज नहीं मिलेगा. दूसरा पार्टी कार्यकर्ताओं को अभय चौटाला के बयानों पर फोकस रहना पड़ेगा. अन्यथा इनेलो के कार्यकर्ता भी दुष्यंत की रैली पर फोकस हो जाते.


बाकी समाचार