Privacy Policy | About Us | Contact Us

नया हरियाणा

बुधवार, 14 नवंबर 2018

पहला पन्‍ना English लोकप्रिय हरियाणा चुनाव राजनीति अपना हरियाणा देश शख्सियत वीडियो आपकी बात सोशल मीडिया मनोरंजन गपशप

इनेलो कार्यकर्ता का अजय सिंह चौटाला को खुला खत

इनेलो में मंचीय लड़ाई लगातार मुखर होती जा रही है।

Inld, naya haryana, नया हरियाणा

10 नवंबर 2018

नया हरियाणा

डॉक्टर अजय सिंह चौटाला जी आप सदैव सम्मानित और दिल के करीब रहे आज भी आपका सम्मान है जैसे अजीज दूष्यन्त पर लाड सा आता है वैसे ही आप से भी एक लगाव है। वैसा ही लगाव आपके अनुज अभय सिंह से भी रहा। आप दोनों भाइयों को साथ खिलखिलाते और राजनीति की लड़ाई में संघर्ष करते देखते थे तो बड़ी खुशी होती थी। आप आगे होते थे और अभय सिंह आपके पीछे पीछे होते थे। घरेलू पार्टियां होती थी, सामाजिक कार्यक्रम अभय सिंह पहले आते थे माहौल में गर्मी पैदा होती थी फिर जब आप पहुचते थे तो पार्टी या कार्यक्रम में और जान आ जाती थी। 
जिस दिन आप और हमारे आदरणीय चौटाला साहब को 10 वर्ष की सजा की घोषणा हुई उस दिन न्यायालय से घर तक अभय सिंह के होठों से कोई शब्द नहीं निकले आंखों में आंसू लिए वो 18 जनपथ पर पिछली तरफ खामोश बैठे रहे। मीडिया ने घर को घेरा हुआ था पर वो नहीं मिले। 

आप भी जानते हैं आप और चौटाला साहब ने कैसे उन्हें पार्टी और कार्यकर्ताओं की अगुवाई के लिए मनाया था। वर्ष भर रहा गया था सामने चुनाव थे पार्टी और कार्यकर्ता टूट की कगार पर थे। अभय सिंह ने बच्चों की बांह पकड़ी और मैदान में कूद गए रण तो वो था पार्टी के शीर्ष नेतृत्व और आपकी अनुपस्थिति में भाजपा की देश व्यापी लहर के बावजूद पार्टी ने प्रचंड प्रदर्शन किया। दो सांसद बनाये और विधानसभा में दूसरी सबसे बड़ी पार्टी बनकर उभरे। हारी हुई अधिकतर सीटों पर पार्टी दूसरे स्थान पर रही जिनमे से भी ज्यादातर पर बहुत कम मार्जन पर हारे। पिछले 20 वर्ष में पहली बार पार्टी के वोट बैंक में इजाफा हुआ। 

ये तो रही अभय सिंह और आपके के प्रेम और भाईचारे और पार्ट के संघर्ष की बात अब सामाजिक बात करता हूँ। 

पिछले दिनों अभय सिंह ने विधान सभा मे आपके दादा जी पर अपशब्द कहे जाने पर जुटा तान दिया था। यहाँ तक कहा था कि मेरे हाथ मे पिस्तौल होती तो सर में गोली मार देता। वो अपने परिवार से कितना प्रेम करते हैं जाहिर है। 

दिल दुखा डॉक्टर साहब और बहुत दुखा जब आपके सामने आपके समर्थक ने आपके अज़ीज भाई की 17वीं कर देने की बात कही और आप उस व्यक्ति को ये तक नहीं कह सके कि तेरी हिम्मत कैसे हुई मेरे भाई के लिए ऐसी ओछी बात कहने की। क्या आपके लिए राजनीति निजी रिश्तों से इतनी अहम हो गई क्या ? 

सब जानते हैं आप भी, यही बात आपके लिए कोई अभय सिंह के सामने कह देता तो अभय सिंह माइक छोड़कर पहले उस व्यक्ति को हाथ पकड़ कर बाहर करने का काम करते। अभय सिंह कभी ये बर्दाश्त नहीं कर पाते कि उनके भाई के लिए कोई व्यक्ति ऐसी घटिया बात कह दे।

आप कैसे सुन गए डॉक्टर साहब आपसे तो बहुत उम्मीद थी कि आप आएंगे और परिवार और पार्टी में उठी कलह को शांत करने का काम करेंगे। पर आपके समर्थक तो आपके ही भाई की 17वीं करने पर उतर आए। आपके पुत्र दादा की इज्जत नहीं कर रहे आप भाई से प्रेम नहीं कर पा रहे इतनी कड़वाहट केवल एक कुर्सी के लिए ? त्यागी, तपस्वी, संघर्ष के प्रतीक जननायक की संतान उनके गुणों को पूरी तरह से त्याग बैठी ? 

डॉक्टर साहब आप विचार करें आपकी बहने, आपके माता पिता, आपके भाई और यहाँ तक कि आपका ससुराल पक्ष तक आपके साथ नहीं खड़ा हुआ, क्यों ? क्या आपके सभी परिवारजन गलत हैं ? क्या हम दशकों पुराने आपके साथी गलत हैं ? 

डाक्टर साहब सबको उम्मीद थी कि आप अभय सिंह को बुलाएंगे और पिता के पास लेकर जाएंगे और पिता के सामने बैठकर सारी कलह को समाप्त करने का काम करेंगे। पर आपने पिता से मिलने का तो सोचा ही नहीं। 

आपको याद दिलाना चाहूँगा INLD के कार्यकर्ता ने 22 जनवरी 2013 को एक कसम उठाई थी जब तक हमारे आदरणीय चौटाला साहब जेल से बाहर नहीं आते हम पार्टी की मजबूती के लिए एकजुट होकर काम करेंगे। हम चौटाला साहब को दिखाएंगे की INLD का एक-एक कार्यकर्ता खुद चौटाला बनकर काम करेगा। दुख हुआ डॉक्टर साहब कार्यकता को अपना वादा और कसम याद है पर हमारे दो बच्चे दूष्यन्त और दिग्विजय और साथ ही आप भी ये भूल गए कि कार्यकर्ता आपसे कहीं अधिक खून पसीना पार्टी के लिए बहाते हैं। आप अच्छे घर में अच्छे माहौल में रहे और कार्यकर्ता अपने खूड बेचकर पार्टी को सींचता रहा है। आपको एक बार तो सोचना चाहिए कि अपने और बेटों के लिए नहीं, इन लाखों कार्यकर्ताओं के लिए INLD की सरकार बनानी है। चौधरी देवीलाल की हरी पगड़ी की साख बरकरार रखने को सरकार बनानी है। आप भी बेटे को मुख्यमंत्री ही बनाने में लग गए ?

कब और कौन इन लाखों कार्यकर्ताओं को मुख्यमंत्री बनाने का काम करेगा ? 

थोड़ा विचार कीजिये आदरणीय डॉक्टर साहब आपसे बहुत बड़प्पन और समझदारी की उम्मीद है। आप कांटे पलकों से चुनने की बात कह रहे हैं तो INLD की सरकार बनाने का काम कीजिये, चौटाला साहब की झौली में ज्यादा से ज्यादा MLA बनाकर डालिये मुख्यमंत्री खुद बन जायेगा।

निवेदक
पीढिदर पीढ़ी 
लोकदली कार्यकर्ता


बाकी समाचार